गुरुवार, 21 जनवरी 2027 का पंचांग
गुरुवार, 21 जनवरी 2027 को द्वारका में सूर्योदय (07:36 AM) के समय शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि है, जो 09:30 PM पर समाप्त होगी, इसके बाद पूर्णिमा 05:47 PM, 22 जन॰ तक रहेगी। चंद्रमा आर्द्रा नक्षत्र में है और मास पौष (पूर्णिमांत) / पौष (अमांत) है।
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक तिथि परिवर्तन
- शुक्ल पक्ष चतुर्दशी01:12 AM → 09:30 PM
- शुक्ल पक्ष पूर्णिमा09:30 PM → 05:47 PM, 22 जन॰
पंचांग
| तिथि | शुक्ल पक्ष चतुर्दशी 09:30 PM तक शुक्ल पक्ष पूर्णिमा 05:47 PM, 22 जन॰ तक |
|---|---|
| नक्षत्र | आर्द्रा 01:24 PM तक पुनर्वसु 10:25 AM, 22 जन॰ तक |
| योग | वैधृति 06:08 PM तक विष्कम्भ 01:50 PM, 22 जन॰ तक |
| करण | गर 11:22 AM तक वणिज 09:30 PM तक विष्टि (भद्रा) 07:38 AM, 22 जन॰ तक |
| वार | गुरुवार |
| पक्ष | शुक्ल पक्ष |
| मास | पौष पूर्णिमांत पौष अमांत |
| संवत | विक्रम 2083 · शक 1948 |
| ऋतु · अयन | हेमंत · उत्तरायण |
| सूर्य राशि | मकर |
| चंद्र राशि | मिथुन 05:10 AM, 22 जन॰ तक |
सूर्य और चंद्र
- सूर्योदय
- 07:36 AM
- सूर्यास्त
- 06:35 PM
- चंद्रोदय
- 05:26 PM
- चंद्रास्त
- 07:17 AM, 22 जन॰
दिनमान 10 घंटे 60 मिनट · चंद्रमा 97% प्रकाशित, बढ़ता हुआ
मुहूर्त और काल
- ब्रह्म मुहूर्त
- 06:00 AM – 06:48 AM
- अभिजीत मुहूर्त
- 12:43 PM – 01:27 PM
- राहु काल
- 02:28 PM – 03:50 PM
- यमगण्ड
- 07:36 AM – 08:58 AM
- गुलिक काल
- 10:20 AM – 11:43 AM
तिथि अलग-अलग समय पर क्यों बदलती है
तिथि वह समय है जिसमें चंद्रमा सूर्य से 12° आगे निकलता है। चंद्रमा की गति प्रतिदिन लगभग 11.8° से 15.2° तक बदलती रहती है, इसलिए एक तिथि लगभग 19 से 27 घंटे की होती है। इसी कारण तिथि किसी भी समय शुरू हो सकती है, एक दिन में दो तिथियाँ हो सकती हैं, और कभी कोई तिथि क्षय (छूट जाती है) या वृद्धि (दोहराई जाती है) होती है।
चक्र द्वारका में सूर्योदय के समय की निरयण स्थिति दिखाता है: सूर्य मकर में और चंद्रमा मिथुन में।
चतुर्दशी के बारे में →किसी अन्य स्थान के लिए यही तिथि देखें: नई दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, कोलकाता, चेन्नई, हैदराबाद।