कोलकाता, भारत

बुधवार, 4 मई 2033 का पंचांग

बुधवार, 4 मई 2033 को कोलकाता में सूर्योदय (05:02 AM) के समय शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि है, जो 10:37 PM पर समाप्त होगी, इसके बाद सप्तमी 11:32 PM, 5 मई तक रहेगी। चंद्रमा पुनर्वसु नक्षत्र में है और मास वैशाख (पूर्णिमांत) / वैशाख (अमांत) है।

शुक्ल पक्षदो सूर्योदयों के बीच 2 तिथियाँबुधवार

सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक तिथि परिवर्तन

☀ सूर्योदय 05:02 AMअगला सूर्योदय 05:02 AM, 5 मई
  • शुक्ल पक्ष षष्ठी
    10:29 PM, 3 मई → 10:37 PM
  • शुक्ल पक्ष सप्तमी
    10:37 PM → 11:32 PM, 5 मई

पंचांग

तिथि
शुक्ल पक्ष षष्ठी 10:37 PM तक
शुक्ल पक्ष सप्तमी 11:32 PM, 5 मई तक
नक्षत्र
पुनर्वसु 12:42 AM, 5 मई तक
पुष्य 02:19 AM, 6 मई तक
योग
धृति 12:31 PM तक
शूल 11:57 AM, 5 मई तक
करण
कौलव 10:27 AM तक
तैतिल 10:37 PM तक
गर 10:59 AM, 5 मई तक
वारबुधवार
पक्षशुक्ल पक्ष
मासवैशाख पूर्णिमांत
वैशाख अमांत
संवतविक्रम 2090 · शक 1955
ऋतु · अयनवसंत · उत्तरायण
सूर्य राशिमेष
चंद्र राशिमिथुन 06:25 PM तक

सूर्य और चंद्र

सूर्योदय
05:02 AM
सूर्यास्त
06:05 PM
चंद्रोदय
09:45 AM
चंद्रास्त
10:58 PM

दिनमान 13 घंटे 2 मिनट · चंद्रमा 28% प्रकाशित, बढ़ता हुआ

मुहूर्त और काल

ब्रह्म मुहूर्त
03:26 AM – 04:14 AM
अभिजीत मुहूर्त
बुधवार को मान्य नहीं
राहु काल
11:33 AM – 01:11 PM
यमगण्ड
06:40 AM – 08:18 AM
गुलिक काल
09:56 AM – 11:33 AM
♈︎मेष♉︎वृषभ♊︎मिथुन♋︎कर्क♌︎सिंह♍︎कन्या♎︎तुला♏︎वृश्चिक♐︎धनु♑︎मकर♒︎कुम्भ♓︎मीन63°चंद्रमा सूर्य से आगे(12° = एक तिथि)☉☾

तिथि अलग-अलग समय पर क्यों बदलती है

तिथि वह समय है जिसमें चंद्रमा सूर्य से 12° आगे निकलता है। चंद्रमा की गति प्रतिदिन लगभग 11.8° से 15.2° तक बदलती रहती है, इसलिए एक तिथि लगभग 19 से 27 घंटे की होती है। इसी कारण तिथि किसी भी समय शुरू हो सकती है, एक दिन में दो तिथियाँ हो सकती हैं, और कभी कोई तिथि क्षय (छूट जाती है) या वृद्धि (दोहराई जाती है) होती है।

चक्र कोलकाता में सूर्योदय के समय की निरयण स्थिति दिखाता है: सूर्य मेष में और चंद्रमा मिथुन में।

षष्ठी के बारे में →

किसी अन्य स्थान के लिए यही तिथि देखें: नई दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, चेन्नई, हैदराबाद, पुणे।