बुधवार, 14 अक्टूबर 2026 का पंचांग
बुधवार, 14 अक्टूबर 2026 को सुवा में सूर्योदय (05:38 AM) के समय शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि है, जो 05:58 AM पर समाप्त होगी, इसके बाद चतुर्थी 07:44 AM, 15 अक्टू॰ तक रहेगी। चंद्रमा विशाखा नक्षत्र में है और मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत) है।
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक तिथि परिवर्तन
- शुक्ल पक्ष तृतीया04:44 AM, 13 अक्टू॰ → 05:58 AM
- शुक्ल पक्ष चतुर्थी05:58 AM → 07:44 AM, 15 अक्टू॰
पंचांग
| तिथि | शुक्ल पक्ष तृतीया 05:58 AM तक शुक्ल पक्ष चतुर्थी 07:44 AM, 15 अक्टू॰ तक |
|---|---|
| नक्षत्र | विशाखा 08:13 AM तक अनुराधा 10:33 AM, 15 अक्टू॰ तक |
| योग | आयुष्मान 03:08 AM, 15 अक्टू॰ तक सौभाग्य 03:44 AM, 16 अक्टू॰ तक |
| करण | गर 05:58 AM तक वणिज 06:47 PM तक विष्टि (भद्रा) 07:44 AM, 15 अक्टू॰ तक |
| वार | बुधवार |
| पक्ष | शुक्ल पक्ष |
| मास | आश्विन पूर्णिमांत आश्विन अमांत |
| संवत | विक्रम 2083 · शक 1948 |
| ऋतु · अयन | शरद · दक्षिणायन |
| सूर्य राशि | कन्या |
| चंद्र राशि | वृश्चिक |
सूर्य और चंद्र
- सूर्योदय
- 05:38 AM
- सूर्यास्त
- 06:07 PM
- चंद्रोदय
- 07:42 AM
- चंद्रास्त
- 09:11 PM
दिनमान 12 घंटे 28 मिनट · चंद्रमा 10% प्रकाशित, बढ़ता हुआ
मुहूर्त और काल
- ब्रह्म मुहूर्त
- 04:02 AM – 04:50 AM
- अभिजीत मुहूर्त
- बुधवार को मान्य नहीं
- राहु काल
- 11:52 AM – 01:26 PM
- यमगण्ड
- 07:12 AM – 08:45 AM
- गुलिक काल
- 10:19 AM – 11:52 AM
तिथि अलग-अलग समय पर क्यों बदलती है
तिथि वह समय है जिसमें चंद्रमा सूर्य से 12° आगे निकलता है। चंद्रमा की गति प्रतिदिन लगभग 11.8° से 15.2° तक बदलती रहती है, इसलिए एक तिथि लगभग 19 से 27 घंटे की होती है। इसी कारण तिथि किसी भी समय शुरू हो सकती है, एक दिन में दो तिथियाँ हो सकती हैं, और कभी कोई तिथि क्षय (छूट जाती है) या वृद्धि (दोहराई जाती है) होती है।
चक्र सुवा में सूर्योदय के समय की निरयण स्थिति दिखाता है: सूर्य कन्या में और चंद्रमा वृश्चिक में।
तृतीया के बारे में →किसी अन्य स्थान के लिए यही तिथि देखें: नई दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, कोलकाता, चेन्नई, हैदराबाद।