तृतीया का महत्व
वैशाख शुक्ल तृतीया अक्षय तृतीया है, जो इतनी शुभ है कि अलग मुहूर्त की आवश्यकता नहीं; इस दिन शुरू किया गया कार्य 'अक्षय' होता है।
हरतालिका तीज, हरियाली तीज और कजरी तीज जैसे सुहागिनों के प्रमुख व्रत तृतीया को आते हैं।
चैत्र शुक्ल तृतीया को राजस्थान में गणगौर मनाई जाती है, जो 18 दिन की गौरी पूजा का समापन है।
किन कार्यों के लिए शुभ
- सोना और संपत्ति खरीदना
- विवाह संबंधी कार्य
- शिक्षा या कला का आरंभ
- गौरी और शिव की पूजा
परंपरागत रूप से वर्जित
- कुछ विशेष निषेध नहीं; यह सामान्यतः शुभ है
तृतीया के त्योहार
- अक्षय तृतीया
- हरतालिका तीज
- हरियाली तीज
- गणगौर (चैत्र)
पूजा के लिए पढ़ें: दुर्गा जी की आरती (स्पिरिचुअल मार्ग पर)